नोएडा में कचरा संकट गहराया, वेतन बढ़ोतरी की मांग पर 1500 कर्मचारी हड़ताल पर
सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का असर अब नोएडा की सड़कों पर दिखने लगा है। कई इलाकों में कचरा उठान प्रभावित होने से लोगों की परेशानी बढ़ रही है।

- एजी इनवायरो कंपनी के 1500 कर्मचारी वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर हड़ताल पर, नोएडा में सफाई व्यवस्था ठप।
- कंपनी ने मात्र 400 रुपये वेतन वृद्धि की घोषणा की, जबकि पहले 1200 से 1800 रुपये सालाना इंक्रीमेंट मिलता था।
- सोमवार को नोएडा के अधिकांश सेक्टरों में कचरा कलेक्शन नहीं हुआ, प्राधिकरण ने कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की।
- कंपनी मालिक शहर से बाहर होने के कारण बातचीत अटकी, कर्मचारी समाधान तक आंदोलन जारी रखने पर अड़े।
नोएडा में सफाई व्यवस्था पर बड़ा असर पड़ा है। डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन का जिम्मा संभालने वाली एजी इनवायरो कंपनी के करीब 1500 कर्मचारियों ने वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर हड़ताल शुरू कर दी है। हड़ताल के चलते शहर के कई सेक्टरों में घरों से कचरा उठाने का काम पूरी तरह ठप हो गया है, जिससे लोगों की परेशानी बढ़ने लगी है।
कर्मचारियों का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में उन्हें 1200 से 1800 रुपये तक का सालाना इंक्रीमेंट मिलता रहा है, लेकिन इस बार कंपनी ने केवल 400 रुपये की वेतन वृद्धि की घोषणा की है। कर्मचारियों के मुताबिक लगातार बढ़ती महंगाई, पेट्रोल-डीजल और रसोई गैस की कीमतों के बीच इतनी कम बढ़ोतरी उनके साथ अन्याय है।
हड़ताल के कारण सोमवार को शहर के अधिकांश इलाकों में कचरा कलेक्शन नहीं हो सका। कई जगहों पर लोगों ने घरों और सोसायटियों में कचरा जमा होने की शिकायत भी की। स्थिति को और गंभीर इसलिए माना जा रहा है क्योंकि नोएडा प्राधिकरण की ओर से अभी तक कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है।
जानकारी के मुताबिक कंपनी के मालिक फिलहाल शहर से बाहर हैं। इसी वजह से कर्मचारियों और कंपनी प्रबंधन के बीच बातचीत नहीं हो पाई है। प्राधिकरण के अधिकारियों ने कर्मचारियों को काम जारी रखने और मालिक के लौटने तक इंतजार करने की अपील की है, लेकिन कर्मचारी अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।
कर्मचारी नेताओं का कहना है कि जब तक वेतन बढ़ोतरी के मुद्दे पर संतोषजनक समाधान नहीं निकलता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। वहीं शहरवासियों को उम्मीद है कि जल्द बातचीत के जरिए रास्ता निकले, ताकि सफाई व्यवस्था सामान्य हो सके और शहर में गंदगी का संकट न बढ़े।
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